Study Leave Rules in Hindi: राजस्थान अध्ययन अवकाश नियम 2026

Jan 28, 2026
Advertisement
Table of Contents

RSR Chapter XI: Rajasthan Service Rules में Study Leave के नियम और Bond की पूरी जानकारी

क्या आप एक राजस्थान गवर्नमेंट एम्प्लॉई हैं और अपनी Higher Studies (उच्च शिक्षा) या किसी स्पेशल ट्रेनिंग के लिए छुट्टी लेना चाहते हैं? अगर हाँ, तो राजस्थान सर्विस रूल्स (RSR) का Chapter XI (Section VI) आपके लिए बेहद ज़रूरी है। इसमें Rule 109 से 121A तक Study Leave के सभी नियम विस्तार से दिए गए हैं।

आज के इस ब्लॉग में हम समझेंगे कि Study Leave किसे मिल सकती है, इसके लिए क्या शर्तें हैं, कितनी सैलरी मिलती है और Bond का क्या नियम है।

1. Study Leave क्या है और यह किसे मिल सकती है? (Rule 109 & 110)

Study Leave उन कर्मचारियों को दी जाती है जो अपने डिपार्टमेंट के काम से जुड़ी किसी साइंटिफिक, टेक्निकल या स्पेशल स्टडी/इन्वेस्टिगेशन के लिए कोर्स करना चाहते हैं, जो Public Interest (जनहित) में ज़रूरी हो।

  • Permanent Employees: सभी परमानेंट सरकारी कर्मचारी इस लीव के लिए एलिजिबल हैं।
  • Temporary Employees: ऐसे अस्थायी कर्मचारी जिन्होंने 3 साल की कंटिन्यूअस सर्विस पूरी कर ली है और उनकी नियुक्ति RPSC या रेगुलर रिक्रूटमेंट रूल्स के तहत हुई है, वे भी इसके हकदार हैं।
  • Special Provisions: SC/ST कर्मचारियों को भी 3 साल की सर्विस के बाद यह लीव मिल सकती है। इंजीनियरिंग डिप्लोमा होल्डर्स को डिग्री कोर्स के लिए 24 महीने तक की स्टडी लीव मिल सकती है।
  • नोट: जिन कर्मचारियों की 20 साल से अधिक की सर्विस हो चुकी है, उन्हें यह लीव आमतौर पर नहीं दी जाती (जब तक कि वे लीव के बाद 5 साल सर्विस करने का वचन न दें)।

2. Study Leave की अवधि (Maximum Duration - Rule 112)

स्टडी लीव की एक तय समय सीमा होती है:

  • एक बार में (At a time): नॉर्मली एक बार में अधिकतम 12 महीने की लीव मंज़ूर की जा सकती है।
  • पूरी सर्विस में (In entire service): पूरे सर्विस काल में अधिकतम 24 महीने (2 साल) की स्टडी लीव ली जा सकती है (इसे एक बार में या टुकड़ों में लिया जा सकता है)।
  • Combination: जब इसे अन्य लीव्स (जैसे PL) के साथ कंबाइन किया जाए, तो कुल एब्सेंस (ड्यूटी से अनुपस्थिति) 28 महीने से अधिक नहीं होनी चाहिए (Extraordinary Leave को छोड़कर)।

3. Leave Salary (स्टडी लीव में सैलरी कितनी मिलेगी?)

Important Rule: स्टडी लीव के दौरान कर्मचारी को Half Pay (आधा वेतन) मिलता है, जो RSR के Rule 97(2) के तहत रेगुलेट होता है।

  • Study Allowance & Fees: कुछ केसेस में सरकार द्वारा तय दरों पर Study Allowance भी मिल सकता है। कोर्स की फीस आमतौर पर कर्मचारी को खुद देनी होती है, लेकिन विशेष मामलों में सरकार इसे वेव या पे कर सकती है।
  • Scholarships: अगर कर्मचारी को बाहर से कोई स्कॉलरशिप या स्टाइपेंड मिलता है, तो वे उसे लीव सैलरी के साथ रख सकते हैं।

4. सबसे ज़रूरी नियम: Bond Requirement (Rule 121A)

स्टडी लीव लेकर पढ़ाई करने के बाद आपको राजस्थान सरकार में वापस आकर अपनी सेवाएं देनी होती हैं। इसके लिए एक Bond साइन करना पड़ता है। लीव की अवधि के हिसाब से सर्विस का पीरियड नीचे दिए अनुसार तय होता है:

Study Leave की अवधि लीव के बाद अनिवार्य सर्विस (Bond Period)
3 महीने की लीव 1 साल की सर्विस
6 महीने की लीव 2 साल की सर्विस
1 साल की लीव 3 साल की सर्विस
2 साल की लीव 5 साल की सर्विस

Penalty for Non-Compliance (नियम तोड़ने पर जुर्माना)

अगर कोई कर्मचारी बॉन्ड पीरियड पूरा होने से पहले नौकरी छोड़ता है या वापस ड्यूटी पर नहीं आता है, तो उसे Double Penalty देनी होगी। उसे लीव सैलरी, स्टडी अलाउंस, फीस और सरकार द्वारा खर्च की गई कुल रकम का दोगुना (Double) पैसा ब्याज (Interest) सहित सरकार को रिफंड करना होगा।

5. Study Leave Rules at a Glance (Summary Table)

Provision Details
Eligibility Permanent employees & Regular Temporary employees (3 years service)
Maximum Duration Total 24 months (Max 12 months at a time)
Leave Salary Half Pay (आधा वेतन)
Service Benefits यह लीव पीरियड Promotion और Pension के लिए काउंट होता है
Penalty बॉन्ड तोड़ने पर कुल खर्च का दोगुना (Double) रिफंड + ब्याज
Scholarships कर्मचारी अलाउड स्टाइपेंड या स्कॉलरशिप रिटेन कर सकते हैं

6. Practical Examples से समझें

Example 1: परमानेंट इंजीनियर का केस

एक परमानेंट इंजीनियर (10 साल की सर्विस) M.Tech करने के लिए 12 महीने की स्टडी लीव लेता है। उसे इस दौरान हाफ पे (Half Pay) मिलेगा। यह 1 साल उसकी पेंशन और प्रमोशन के लिए गिना जाएगा। वापस आने के बाद उसे कम से कम 3 साल राजस्थान सरकार में सेवा देनी होगी, वरना पेनल्टी लगेगी।

Example 2: टेम्परेरी कर्मचारी का केस

एक अस्थायी कर्मचारी (3 साल की सर्विस) टेक्निकल डिप्लोमा के लिए लीव लेता है। उसे दो श्योरिटीज (Sureties) के साथ बॉन्ड भरना होगा। अगर वह पढ़ाई पूरी करने के बाद इस्तीफा देता है, तो उसे सरकार का पूरा खर्च दोगुना करके चुकाना होगा।

Conclusion

अगर आप अपनी स्किल्स को अपग्रेड करना चाहते हैं, तो RSR के तहत Study Leave एक बेहतरीन विकल्प है। बस ध्यान रखें कि इसके साथ एक कड़ा बॉन्ड जुड़ा होता है, इसलिए लीव अप्लाई करने से पहले अपने करियर गोल्स और बॉन्ड की अवधि का अच्छे से कैलकुलेशन कर लें।

Advertisement